जयपुर : जनता मार्केट सब्जी मंडी में ट्रांसफॉर्मर से करंट लगने के कारण बंदर के एक बच्चे की मौत हो गई। घटना के बाद मौके पर मौजूद शानू नाम के व्यक्ति ने इंसानियत की मिसाल पेश करते हुए बंदर के बच्चे को ट्रांसफॉर्मर के पास से उठाया और उसकी जान बचाने के लिए CPR देने का प्रयास किया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बंदर का बच्चा ट्रांसफॉर्मर के संपर्क में आने के बाद गंभीर रूप से घायल हो गया था। घटना की जानकारी मिलने के बाद शानू ने बिना देर किए उसे ट्रांसफॉर्मर के पास से उठाया और बचाने का प्रयास शुरू किया।
CPR देकर बचाने की कोशिश
शानू ने बंदर के बच्चे को बचाने के लिए CPR देने का प्रयास किया। काफी देर तक कोशिश करने के बावजूद बंदर के बच्चे को बचाया नहीं जा सका। उसकी मौत हो गई।
घटना के बाद शानू ने बंदर के बच्चे को लाल कपड़े में लपेटा। इसके बाद वह उसे सम्मानपूर्वक दफनाने के लिए अपने साथ ले गए। उनकी इस पहल को मौके पर मौजूद लोगों ने मानवीय संवेदना और करुणा का उदाहरण बताया।
बेजुबान जानवरों की सुरक्षा पर सवाल
इस घटना ने शहर में बेजुबान जानवरों की सुरक्षा को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं। खुले या असुरक्षित विद्युत उपकरणों के आसपास अक्सर पशु-पक्षियों के पहुंचने का खतरा बना रहता है। ऐसे में बिजली के ट्रांसफॉर्मर और अन्य विद्युत उपकरणों की पर्याप्त सुरक्षा जरूरी है, ताकि इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।
मौके पर मौजूद लोगों ने शानू की संवेदनशीलता की सराहना की। लोगों का कहना था कि बंदर के बच्चे को बचाने के लिए उन्होंने जिस तरह से प्रयास किया, वह इंसानियत और बेजुबान जीवों के प्रति संवेदना का उदाहरण है।
घटना ने एक बार फिर यह संदेश दिया है कि इंसानों के साथ-साथ बेजुबान जानवरों की सुरक्षा और उनके प्रति संवेदनशीलता भी समाज की जिम्मेदारी है। साथ ही सार्वजनिक स्थानों पर लगे विद्युत उपकरणों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी संबंधित विभागों को गंभीरता से ध्यान देने की आवश्यकता है।




